राजनीति
निकाय चुनाव: भाजपा का बागियों पर बड़ा एक्शन, 49 नेता निष्कासित
निकाय चुनाव से पहले भाजपा ने सात और बागी नेताओं को निष्कासित कर दिया, जिससे कार्रवाई का आंकड़ा 49 पहुंच गया। कांग्रेस को भी 80 से ज्यादा बागियों की शिकायतें मिली हैं, लेकिन कार्रवाई चुनाव के बाद होगी।
**जयपुर।** भाजपा ने निकाय चुनाव से पहले सात और बागी नेताओं को निष्कासित कर दिया है। इसके साथ ही अब तक पार्टी से निष्कासित किए गए बागी नेताओं की संख्या 49 हो गई है। वहीं, कांग्रेस को 80 से ज्यादा बागी प्रत्याशियों के खिलाफ शिकायतें मिली हैं। कांग्रेस इन शिकायतों पर चुनाव के बाद कार्रवाई करेगी।
राजस्थान निकाय चुनाव के दूसरे चरण में मतदान से एक दिन पहले भाजपा ने बागियों के खिलाफ कार्रवाई तेज करते हुए सात और नेताओं को पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया। ताजा कार्रवाई में अजमेर नगर निगम के पांच और जैतारण व मूंडवा नगरपालिकाओं के एक-एक नेता शामिल हैं।
भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं मुख्यालय प्रभारी श्रवण सिंह बागड़ी ने निष्कासन के आदेश जारी किए। उन्होंने बताया कि ये नेता पार्टी के अधिकृत प्रत्याशियों के खिलाफ निर्दलीय चुनाव लड़ रहे थे। प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ के निर्देश पर इन्हें पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से छह साल के लिए निष्कासित किया गया है।
निकाय चुनाव में टिकट नहीं मिलने के बाद दोनों ही दलों के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं ने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव मैदान संभाला है। भाजपा ने जहां मतदान से पहले ही बागियों पर सख्त कार्रवाई कर संगठन की लाइन स्पष्ट कर दी है, वहीं कांग्रेस ने प्रदेश स्तर पर कार्रवाई को चुनाव के बाद तक टाल दिया है।
### पहले चरण से पहले 42 बागियों पर हुई थी कार्रवाई
भाजपा ने पहले चरण के मतदान से पहले 7 सितंबर को 42 बागी नेताओं को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया था। इनमें अजमेर के पूर्व महापौर धर्मेंद्र गेहलोत भी शामिल थे। उनकी पत्नी हेमलता गेहलोत निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव मैदान में हैं।
पार्टी ने आरोप लगाया था कि धर्मेंद्र गेहलोत ने पार्टी लाइन के खिलाफ अपनी पत्नी के पक्ष में प्रचार किया और सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। इसके बाद दोनों को पार्टी से निष्कासित कर दिया गया था।
पहले चरण में जयपुर में सबसे ज्यादा कार्रवाई हुई थी। यहां 26 नेताओं को निष्कासित किया गया था, जिनमें अकेले विद्याधर नगर विधानसभा क्षेत्र के 13 नेता शामिल थे।
### कांग्रेस में 80 से ज्यादा बागियों की शिकायत
भाजपा के मुकाबले कांग्रेस ने अब तक प्रदेश स्तर पर बागियों के खिलाफ कोई बड़ी कार्रवाई नहीं की है। हालांकि, पार्टी को अलग-अलग निकायों से 80 से ज्यादा बागी प्रत्याशियों के खिलाफ शिकायतें मिल चुकी हैं।
कांग्रेस के प्रदेश महासचिव स्वर्णिम चतुर्वेदी ने कहा कि चुनाव के दूसरे चरण के बाद शिकायतों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। उनका कहना है कि विभिन्न निकायों से बागियों को लेकर शिकायतें मिली हैं और चुनाव के बाद पार्टी स्तर पर फैसला लिया जाएगा।
हालांकि, जिला स्तर पर कांग्रेस ने बागियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है।
